फ़ाइनल का पल आ गया है. स्पेन अब अपने दूसरे वर्ल्ड कप के ख़िताब से सिर्फ एक क़दम दूर है.
वर्ल्ड कप जीतने के लिए हमें कोई असाधारण काम करने की ज़रूरत नहीं है.
हमें सिर्फ़ शांत रहना है और अब तक जिस तरह से खेला है, वैसा ही खेलते रहना है.
स्पेन को भरोसा है कि रविवार को हम अर्जेंटीना को हराकर 2010 की तरह एक बार फिर विश्व कप ट्रॉफ़ी अपने नाम करेंगे.
ह भरोसा कई वजहों से है. यूरो 2024 का ख़िताब, लगातार 37 मैचों से अजेय रहने का सिलसिला और सबसे बढ़कर सेमीफ़ाइनल में फ़्रांस पर मिली जीत.
इस स्पेनिश टीम की सबसे बड़ी ताक़त उसका सामूहिक खेल और उसकी मानसिक मज़बूती है.
खिलाड़ी एक टीम की तरह खेलते हैं. उनकी अपनी एक स्पष्ट पहचान है और उन्हें उस पर पूरा भरोसा है. इसलिए वे हर मैच में अपने तरीक़े से ही खेलते हैं.