चांगो इलाके की अपनी एक यात्रा का जिक्र किया. मोदी ने बताया, ‘मैं हर दिवाली अपने सैनिक भाइयों से मिलने सीमा पर जाता हूं. यह एक संयोग है. 2016 में दिवाली के दौरान मैं बॉर्डर के पास स्थित चांगो इलाके में था.’
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए विकसित वाइब्रेंट विलेज प्रोग्राम 2026 के तहत रविवार को युवाओं से बातचीत की. बातचीत पर जोर देते हुए पीएम मोदी ने इस बात पर जोर दिया कि केंद्र सरकार का मकसद हर युवा को आत्मविश्वास और आत्मनिर्भरता के साथ आगे बढ़ने के लिए सशक्त बनाना है. पीएम मोदी ने अकेले यात्रा करने (सोलो ट्रैवलिंग) के महत्व पर प्रकाश डाला और कहा कि इससे लोगों को देश घूमने के साथ-साथ खुद को जानने का भी मौका मिलता है.
इस दौरान उन्होंने चांगो इलाके की अपनी एक यात्रा का जिक्र किया. मोदी ने बताया, ‘मैं हर दिवाली अपने सैनिक भाइयों से मिलने सीमा पर जाता हूं. यह एक संयोग है. 2016 में दिवाली के दौरान मैं बॉर्डर के पास स्थित चांगो इलाके में गया था.’
प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना से बनीं ऊपर सड़कें
विकसित वाइब्रेंट विलेज प्रोग्राम 2026 में शामिल होने पहुंची निकिता ने कहा कि जब मैंने चांगो की यात्रा की तो मैंने ऑनलाइन रील्स में जो देखा था, उसी के आदार पर तैयारी की थी. सोचा था कि वहां कोई मोबाइल नेटवर्क या बिजली नहीं होगी. लेकिन जब मैं असल में वहां पहुँची और ऊंचे पहाड़ और खड़ी ढलानों पर बनी अच्छी और मजबूत सड़कें देखीं, तो मैं हैरान रह गई.
इसी इलाके के बारे में प्रोग्राम में आईं निकिता ने बताया, ‘मैंने वहां के लोगों से बात की और पूछा कि यह सब कैसे हुआ. उन्होंने मुझे बताया कि पहले यहां कुछ भी नहीं था और उन्हें बहुत मुश्किलों का सामना करना पड़ता था. यह बदलाव ‘प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना’ की वजह से संभव हुआ.
उन्होंने यह भी बताया कि पहले उनके घरों में पाइप से पीने का पानी नहीं आता था, लेकिन अब हमारे प्रधानमंत्री और ‘जल जीवन मिशन’ की वजह से उन्हें घर पर ही पीने का पानी मिल रहा है. साथ ही, उन्होंने कहा कि यहां चौबीसों घंटे बिजली और नेटवर्क कनेक्टिविटी रहती है और प्रधानमंत्री की वजह से ‘आयुष्मान भारत योजना’ ने हेल्थकेयर को लेकर हमारा आत्मविश्वास बढ़ाया है और हमारी ज़िंदगी आसान बना दी है.
250 गांवों के युवा इस कार्यक्रम में हुए शामिल
पीएम मोदी ने कहा, ‘आज का कार्यक्रम वाकई खास है. देशभर के लगभग 250 जिलों के गांवों के युवा इस कार्यक्रम में शामिल हो रहे हैं. मैं आप सभी का स्वागत करता हूं. कुछ साल पहले हमने मेरा युवा भारत प्लेटफॉर्म शुरू किया था. आज देशभर के करोड़ों युवा इससे जुड़े हैं. माय भारत के वॉलंटियर पूरे देश में सराहनीय काम कर रहे हैं. विकसित भारत संवाद से लेकर वाइब्रेंट विलेज कार्यक्रम तक . आप सभी ने अपनी काबिलियत को शानदार ढंग से दिखाया है.
उन्होंने आगे कहा, ‘विकसित भारत युवाल लीडर संवाद के दौरान मैंने युवाओं के साथ एक विचार साझा किया था. यह विचार यह था, क्यों न युवा वर्चुअल माध्यमों से आगे बढ़कर जमीनी स्तर पर उतरें. भारत को जानने, उससे जुड़ने, भारत में जीवन का अनुभव करने और देश को असल में समझने के लिए? गांवों में जाकर ही वहां विकास की अपार आकांक्षाओं का पता चलता है.’